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आरती

श्री तुलसी जी की आरती

Sanatani
Last updated: जनवरी 21, 2026 7:38 अपराह्न
Sanatani
Published: जनवरी 21, 2026
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Tulsi Mata Aarti

श्री तुलसी जी की आरती हिंदू धर्म में देवी तुलसी की पूजा और श्रद्धा का एक महत्वपूर्ण भाग है। तुलसी को भगवान विष्णु की पत्नी लक्ष्मी का अवतार माना जाता है और उनकी आराधना से भक्तों को सुख, समृद्धि और शांति की प्राप्ति होती है। तुलसी का पौधा भारतीय संस्कृति में बहुत पवित्र माना जाता है और इसे कई धार्मिक अनुष्ठानों में प्रयोग किया जाता है।

Contents
  • Tulsi Mata Aarti
  • Tulsi Mata Aarti
  • श्री तुलसी जी की आरती का महत्व:
  • तुलसी पूजा का विधि:
  • तुलसी जी की पूजा से होने वाले लाभ:

Tulsi Mata Aarti

जय जय तुलसी माता, मैया जय जय तुलसी माता।
हरि विष्णु प्रिया सदा तू, नारायण अति भाता।। जय…।

बालक धारण करी नन्दकिशोर को, दुख सब हरो हमारा।
गोवर्धन पूजक हरि प्यारी, विष्णु को प्यारा।। जय…।

सम्पूर्ण तीर्थों की सेवा, तुमको ही निहारा।
हरि तुलसी सदा दासिन, चरणों से जो हारा।। जय…।

धूप, दीप, नैवेद्य, तुलसी, हरि को अर्पाए।
निज जन इस यश को पावे, जो मन से तुम गावे।। जय…।

जय जय तुलसी माता, मैया जय जय तुलसी माता।
हरि विष्णु प्रिया सदा तू, नारायण अति भाता।। जय…।

श्री तुलसी जी की आरती का महत्व:

तुलसी की पूजा से जीवन में नकारात्मक शक्तियों का नाश होता है और सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। तुलसी के पौधे की धार्मिक मान्यता इतनी महत्वपूर्ण है कि इसे देवी के रूप में पूजा जाता है। कहा जाता है कि तुलसी जी की आरती करने से घर में सुख-शांति और समृद्धि बनी रहती है। तुलसी विवाह के दिन और कार्तिक मास में विशेष रूप से तुलसी जी की आरती का आयोजन किया जाता है, जो हिंदू पंचांग के अनुसार बहुत शुभ माना जाता है।

तुलसी को सुबह और शाम दोनों समय जल अर्पण करने और उसकी पूजा करने का विशेष महत्व है। तुलसी जी की आरती करने से भगवान विष्णु और लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है। विशेषकर कार्तिक माह में तुलसी पूजा का विशेष महत्व होता है, जब घर के आंगन में तुलसी का दीप जलाकर आरती की जाती है।

तुलसी पूजा का विधि:

तुलसी की पूजा के लिए सबसे पहले एक साफ स्थान पर तुलसी का पौधा स्थापित किया जाता है। सुबह या शाम के समय, भगवान विष्णु का ध्यान करके तुलसी जी को जल चढ़ाया जाता है। पूजा करते समय तुलसी जी के पौधे पर हल्दी और कुमकुम लगाया जाता है, और घी का दीपक जलाया जाता है। इसके बाद तुलसी जी की आरती गाकर पूजा को समाप्त किया जाता है।

तुलसी जी की पूजा से होने वाले लाभ:

पुण्य प्राप्ति: तुलसी पूजा से भगवान विष्णु और देवी लक्ष्मी की कृपा प्राप्त होती है, जिससे जीवन में धार्मिक और आध्यात्मिक लाभ होते हैं।

सुख-समृद्धि: तुलसी माता की पूजा से परिवार में सुख और समृद्धि आती है।

स्वास्थ्य लाभ: तुलसी एक औषधीय पौधा भी है, और इसकी पूजा करने से मानसिक शांति और स्वास्थ्य लाभ होता है।

वास्तु दोष निवारण: घर में तुलसी का पौधा लगाने और उसकी नियमित पूजा करने से वास्तु दोष भी दूर होते हैं।

 

 

 


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